पुजारियो, बाबाओं द्वारा मंदिरों मे बलात्कार किये जाने से लोगो का भगवान पर से विश्वास उठने लगा

धर्म की आङ मे बाबाओ द्वारा किये जा रहे सेक्स कांड के चलते कुछ सालों में भारतीयों का विश्वास भगवान पर से उठ रहा है। यह बात साफ हुई है एक सर्वे में। रिलिजॉसिटी ऐंड एथीज़म के इंडेक्स के मुताबिक भारत में ऐसे लोगों की तादाद बढ़ी है, जो ईश्वर पर यकीन नहीं रखते। साल 2005 में हुए सर्वे में 87 प्रतिशत भारतीयों ने खुद को आस्तिक बताया था, जबकि इस साल सिर्फ 81 प्रतिशत लोगों ने ही यह माना कि वे ईश्वर पर भरोसा रखते हैं। सीधे शब्दों में…

नेताओं का दिशाहीन संवेदनहीन होना देश के लिये जितना नुकसानदायक है, जनता का दिशाहीन और संवेदनहीन उससे कहीं ज़्यादा घातक  

मौसम चाहे सर्द हो या गर्म, बसंत का हो या पतझड़ का चाहे मॉनसून ही क्यूं ना हो, मेरे देश में हवा बहुत तेज़ बहती है यहां वजनदार से वजनदार मुद्दों का खुद को टिका पाना टेढ़ी खीर है। कहते हैं जिस दिन अख़बार में पढ़ने लायक कोई ख़बर ना छपे तो अख़बार की कीमत डूबने का दुःख आपके पेट में मरोड़े मारने लगता है, बजाय इसके कि चलो कोई एक दिन तो बिना जद्दोजहद के निकला। वो साईकिल में अपनी बीवी की लाश ढोता आदमी, अस्पताल में बेसिक सुविधा…

अनूप जलोटा जैसे शख्स को बिगबॉस का हिस्सा नहीं बनना चाहिए था

अव्वल तो अनूप जलोटा जैसे उम्र दराज़ और लोगों के बीच बाकमाल भजनों की वजह से जगह बनाने वाले शख्स को बिगबॉस जैसे शो का हिस्सा नहीं बनना चाहिए था। बिगबॉस में होना मतलब कंटेस्टेंट कोघण्टे के हिसाब से दर्जन गालियां उगलनी होंगी और सर फटने की अवस्था व्यवस्था तक चीख चीख के बताना होगा कि वो किसी के बाप से कम नहीं। अनूप जी भी इंसान की तरह मनी माता के मोह से नहीं बच सके और आ गए, आ ही गए तो मैं क़भी क़भी नज़र डालने वाली…

जियो फोन में अब व्हाट्सएप के साथ साथ यह तीन नये एप उपलब्ध

जियो फोन में लंबे समय से व्हाट्सएप का इंतेज़ार करने वालों के लिए खुशखबरी. मुकेश अंबानी के रिलायंस ग्रुप के जियो फोन में अब व्हाट्सएप के साथ वूट, न्यूज़ 18 और भामाशाह एप्स भी उपलब्ध है. जियो फोन में उपलब्ध व्हाट्सएप के साथ साथ इन तीनों एप्स के बारे में आपका जानना बेहद ज़रूरी है. इन तीनों एप्स को यूजर्स जियो फोन में पहले से उपलब्ध जियो स्टोर से इंस्टाल कर सकते हैं. जियो फोन में व्हाट्सएप जियो फोन में जो व्हाट्सएप उपलब्ध है वो बहुत ही साधारण मैसेनजिंग एप…

व्यंग्य ना तो संस्कारी होते हैं और ना दरबारी, टेढ़ापन ही व्यंग्य का मूल स्वभाव है।

अखबारों में व्यंग्य का स्पेस कम हो गया है या व्यंग्य फरमाइशी कार्यक्रम में बदलते जा रहे हैं। ऐसे में सवाल यह था कि क्या व्यंग्य के किसी कॉलम की ज़रूरत भी है ? व्यंग्य ना तो संस्कारी होते हैं और ना दरबारी। टेढ़ापन ही व्यंग्य का मूल स्वभाव होता है। व्यंग्यकार का काम ताकतवर को आईना दिखाना होता है, किसी कमज़ोर को मुंह चिढ़ाना नहीं। इस नाते एक व्यंग्य लेखक के रूप में ज्यादातर पत्र-पत्रिकाओं के लिए मिसफिट हूं। ऐसे में अगर मेरे कॉलम ने पांच साल पूरे कर…

प्रेमी के साथ रंगरेलियां मना रही पत्नी को पति ने पकड़ा, दोनो ने कहा – हम तो भाई-बहन हैं।

प्रेमी के साथ रंगरेलियां मना रही पत्नी को पति ने पकड़ा टीचर के साथ। आपत्तिजनक स्थिति में पकड़े जाने पर प्रेमी ने कहा-हम तो भाई-बहन हैं। पादरा के अरिहंत कॉम्पलेक्स में प्रेमी के साथ रंगरेलियां मनाती टीचर को उसके पति ने रंगे हाथ पकड़ लिया। पति ने देर रात पुलिस के साथ पत्नी के प्रेमी के यहां दबिश दी, जहां दोनों आपत्तिजनक हालत में मिले। जब उनसे पूछताछ की गई, तो प्रेमी ने कहा-हम दोनों भाई-बहन हैं। पुलिस ने पत्नी के खिलाफ व्यभिचार का मामला दर्ज किया है। शहर के न्यू वीआईपी…

रवीश कुमार ने क्यों कहा कि, ‘आप एक दिन मानव बम बन जायेंगे, जो कहीं भी फट जायेगा’

एक पब्लिक मीटिंग में एनडीटीवी के स्टार एंकर और मशहूर टीवी पत्रकार रवीश ने मंच से कहा कि एक दिन हम सब मानव बम बन जाएंगे, जो कहीं भी फट जायेगा. उनका आशय हिन्दुस्तान के नागरिकों के अंदर तेजी से फैल रही धार्मिक हिंसा है. 2014 के लोकसभा चुनाव में मोदी सरकार बनने के बाद देश में अच्छे दिन और विकास को ढूंढ पाना मुश्किल है लेकिन धार्मिक हिंसा हर कहीं मिल जायेगी. गोहत्या, राममंदिर, लव जिहाद, घर वापसी जैसे ऐसे सैकड़ों ज्वलनशील मुद्दे हैं जो देश को बांट रहे…